लंदन. टाटा समूह के चेयरमेन रतन टाटा ने ब्रिटिश सांसदों को आश्वासन देते हुए कहा कि जगुआर और लैंड रोवर के काम को भारत ले जाने और वेस्ट मिडलैंड्स में रिसर्च बेसों के कर्मचारियों को घटाने की कोई योजना नहीं है।
अपनी हालिया यात्रा के दौरान हाउस ऑफ कॉमंस में वेस्ट मिडलैंड्स के सांसदों से बातचीत करते हुए टाटा ने कहा कि व्हाइटली और गेडन के रिसर्च सेंटरों में नौकरियां कम से कम 2012 तक सुरक्षित हैं। कंपनी के लिए नया बिजनेस प्लान 2012 में आने की संभावना है।
कोवेंट्री साउथ के सांसद जिम कनिंघम ने पत्रकारों को बताया कि टाटा ने संकेत दिए हैं कि इन दोनों सेंटरों पर कर्मचारियों की संख्या बढ़ाई जा सकती है। कनिंघम ने कहा कि टाटा ने भरोसा दिलाया है कि यूके के किसी प्लांट को भारत नहीं ले जाया जा रहा है बल्कि यहां कार्यबल बढ़ाने की योजना बनाई जा रही है।